सभी वर्गों के समान विकास के लिए सरकार प्रतिबद्ध- रघुवर दास

 

मुख्यमंत्री श्री रघुवर दास ने कहा कि सरकार गरीबी, बेरोजगारी मिटाने एवं समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुंचे, इस हेतु सरकार गांव में योजनाएं बनाने एवं उनके क्रियान्वयन हेतु ग्राम विकास समितियों का गठन कर रही है। इसके तहत ग्राम विकास समितियां के माध्यम से ग्रामीणों के इच्छा के अनुरूप योजना बनायी जाएगी। इसके लिए सरकार राशि सीधे समितियों को उपलब्ध कराएगी। उन्होंने कहा कि सरकार प्रधानमंत्री का मूल मंत्र सबका साथ, सबका विकास के साथ समाज के सभी वर्गों के विकास हेतु प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री रघुवर दास शुक्रवार को परमवीर अलबर्ट एक्का स्टेडियम, गुमला में आयोजित सामाजिक महासम्मेलन में लोगों को संबोधित कर रहे थे।

“हमारा समाज समरस-एकरस कैसे बनें, अब समय बदल गया है। समय के साथ चलें, इस दिशा में क्षत्रिय समाज काम करे। बेटे- बेटी में फर्क मत कीजिए। बेटे के साथ बेटी को भी पढ़ाइए, नहीं तो पढ़ी-लिखी बहू कैसे मिलेगी। बेटी पढ़ेगी और दूसरे घर जाएगी तो वहां भी शिक्षा का महत्व बढ़ेगा।”

मुख्यमंत्री ने कहा आज के युग में समाज का संगठित एवं जागरूक होना बहुत जरूरी है। असंगठित और पिछड़े समाज से किसी भी राष्ट्र अथवा राज्य का भला नहीं हो सकता है उन्होंने विकास हेतु सभी लोगों से पहल करने की अपील की। श्री दास ने कहा कि गांवों में विकास समिति का गठन करके प्रतिभावान युवक-युवतियों को प्रमुख बनाये, जो गांव के विकास हेतु योजना बना सकें। उन्होंने कहा चयनित योजनाओं के क्रियान्वयन के लिए सरकार पैसा उपलब्ध कराएगी।

“हमारी सरकार महिलाओं, गरीबों, किसानों पर फोकस कर रही है। समाज की महिलाओं को समूह बनाकर कार्य कर आर्थिक गतिविधियों से जुड़ना चाहिए। बाजार की चिंता न करें, आपके उत्पादों को सरकार खरीदेगी। यह सरकार का संकल्प है।”

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री का पारम्परिक रीति से नृत्य मंडली के द्वारा स्वागत किया गया। मंच में मुख्यमंत्री को पगड़ी पोशी कर प्रतीक स्वरूप तलवार भेंट किया गया। नागपुरी साहित्यकार शहनी उपेन्द्र पाल नहन ने मुख्यमंत्री को अपनी साहित्यिक रचना भेंट की।

कार्यक्रम के दौरान दो नवविवाहित जोड़ियों को मुख्यमंत्री ने कन्यादान योजना के तहत चेक सौंपा। कार्यक्रम में केन्द्रीय राज्यमंत्री सह सांसद सुदर्शन भगत, स्थानीय विधायक शिवशंकर उरांव, महाराजा युगप्रदीप राव, सुप्रीम कोर्ट अधिवक्ता एपी सिंह, महाराजा विक्रमादित्य सिंह जुदेव, जय सिंह जुदेव, सुरजदेव सिंह, लालकेशव नाथ शाहदेव, कृष्णदेव सिंह, प्रतुल शाहदेव सहित अन्य लोग मौजूद रहे।